Top Letters
recent

प्रधानमंत्री मोदी के नाम एक नौजवान की चिट्ठी, मुझे लगता है आप सिर्फ बातें ही कर रहे हैं

-ऋतेश्वर शर्मा        

आदरणीय मोदी जी,
मैं भारत का एक साधारण सा आदमी हूं, एक युवा हूं , मध्यम परिवार (मिडिल क्लास फैमिली ) से आता हूं और आप की बातों से प्रभावित था, लेकिन अब मेरा आप पर से विश्वास डगमगा सा रहा है. मुझे लगता है आप सिर्फ बातें ही कर रहे हैं . कोई भी ऐसा ज़मीनी काम आप ने नहीं किया है जिस से मिडिल क्लास लोगों का भला हो सके, और यहीं तबका है जिसने आप को वोट देकर देश का प्रधानमंत्री बनाया है. न ही आप को अंबानी ने वोट दिया न अडानी ने ओर न देश की हद से गरीब जनता ने आप को वोट दिया था. आप को वोट हम मध्यम परिवार ( मिडिल क्लास सोसायटी) वालों ने दिया था. लेकिन आप ने सत्ता संभालने के बाद सब से ज़्यादा कमर इन्हीं की तोड़ी है.

गलती हमारी भी है कि हमने आप से कुछ ज़्यादा ही उम्मीद लगा ली थी. भूल गये थे कि आप भी सियासी आदमी हैं . जो सिर्फ सियास‌त से प्यार करते हैं .जनता से प्यार उनका दुख-सुख तो दिखावा होता है, लेकिन आप जब आज कल, विदेश में जाकर बताते हैं न, मैंने ये किया मैंने वो किया, तो मेरे दिल में प्रश्न उठ जाता है कि जिन्होंने आप को प्रधानमंत्री बनाया उनके लिए तो आप ने कुछ भी नहीं किया? आप ने तो जो किया या तो वे उद्योगपतियों, अपर मिडिल क्लास या तो अति पिछड़ों के लिए किया. जो अच्छा किया लेकिन जनाब हम से किस जन्म का बदला लिया जा रहा है? हमने कौन से पाप किये हैं कि हमारा सिर्फ शोषण किया जा रहा है?

इसे भी पढ़ें...
56 इंची महाशय, आपकी बेवकूफियों और कन्फ्यूज्ड पॉलिसी की सज़ा मुल्क कब तक भुगतेगा?

आप खुद बताइये.  मैं आपके सामने अपने प्रश्न रखता हूं...आप ने जन-धन योजना शुरू की जिसका मुझे कोई फायदा नहीं , मेरा बैंक में पहले से अकाऊंट है, आप ने बीमा कवर शुरू किया जो मेरा पहले से है. (आप मेरा और मैं  का मतलब मिडिल क्लास सोसायटी समझिएगा) आपने स्वच्छ भारत शुरू किया तो उसके नाम पर टैक्स काट कर मेरी जेब पर भार बढ़ाया. आप ने वीज़ा की फैसिलिटी शुरू की तो उसमें एनआरआई को लाभ पहुंचाया. आप ने कौशल विकास योजना शुरू की तो उसमें भी मैं फिट नहीं बैठता. क्योंकि जितना ज्ञान वहां से मिलेगा इतना तो हम बचपन में ही सीख लेते हैं.

आप का 'डिजिटल इंडिया' तो अब 'डिफिकल्ट इंडिया' लगने लगा है, इंटरनेट इतना महंगा है कि नेट चलाने से पहले सोचना पड़ता है कि कितने का रिचार्ज करवाऊंगा तो कितने दिन चल पाएगा? अगर नेट नहीं चलेगा तो डिजिटल इंडिया किस काम का आप तो डिजिटल इंडिया को ला रहे हैं लेकिन हमारे लिए डिफिकल्ट इंडिया है . जो डाटा 100 रुपये में मिलता था. आजकल वो 500 में भी नहीं मिलता. आपने ट्रेन के किराये बढ़ा दिए. मार किसको पड़ी हम मिडिल क्लास लोगों को. विदेश तो हम घूम नहीं सकते थे और देश में घूमना भी आपने मंहगा कर दिया. कभी कभी रेस्तरां में खाने की सोचते थे, लेकिन आप ने उस पर भी सर्विस टैक्स बढ़ा दिया. सोचा था आपके आने के बाद रोज़गार बढ़ेगा जिससे बेरोज़गारी कम होगी और स‌ैलेरी बड़ेगी. लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ.

इसे भी पढ़ें...
पता नहीं वो मोदी कहां गया, जो 'पिद्दी' से पाकिस्तान को 'सबक' सिखाने की बात करता था?

मोदी जी सोचा था देश में एक नई सरकार आएगी जिसके मंत्री देश का कल्याण करेंगे. किसान की आत्महत्या का स‌िलसिला बंद हो जाएगा, लेकिन कुछ नहीं हुआ, सोचा था देश में आतंकवाद पर कड़ी निंदा की जगह कड़ी कारवाई होगी लेकिन कुछ नहीं हुआ, सोचा था भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा . एजुकेशन सिस्टम सुधरेगा. पढ़ाई के नाम पर लूट बंद होगी, इलाज के नाम पर लूट बंद होगी, जिससे हम मध्यम वर्ग (मिडिल क्लास) लोग सब से ज़्यादा प्रभावित होते हैं. लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ.

मोदी जी मुझे आप की सरकार में वो जोश नहीं नजर आ रहा है, जिसकी आप बात करते हैं. मनोहर पर्रिकर, सुरेश प्रभु, नितिन गडकरी जी कुछ उर्जावान लग रहे हैं. लग रहा है कि ये कुछ करेंगे और भविष्य में इन के काम से देश में  शायद कुछ परिवर्तन आएगा. लेकिन बाकी सारी सरकार फुस्स सी लग रही है, मेरी आप से प्रार्थना है कि आप कृपया डॉ. हर्षवर्धन को फिर से स्वास्थय मंत्री बना दें क्योंकि उनकी उर्जा का आप सही उपयोग नहीं कर पा रहे हैं . मैं जेपी नड्डा जी की काबिलियत पर प्रश्न नहीं उठाता. वह भी काबिल हैं. लेकिन वो इस मंत्रालय में जिस उर्जा से काम की ज़रूरत है उस ज़रूरत को पूरा नहीं कर पा रहे हैं.

मेरा मानना है कि वो स‌ाइंस संबंधी विभाग के लिए ज़्यादा बहतर रहेंगे. मैं भारत का साधारण नागरिक हूं और कुछ भी नहीं. लेकिन यदि मुझे ऐसा लग रहा है, तो आप को भी तो लग रहा होगा. आप तो मुझसे बहुत ज्ञानी हैं. हर्षवर्धन और यदयुरप्पा जी को आप कृपया अपने मंत्रिमंडल में जगह दें. जिससे आपके मंत्रालय में फिर से ऊर्जा की लहर दौड़ सके. मोदी जी येदुरप्पा जी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगें हैं, मैं मानता हूं, लेकिन देश के किसानों का भला वही व्यक्ति कर सकता है.

इसे भी पढ़ें...
बर्थडे पर मोदी को 'अभक्त' की चिट्ठी, बधाई! देश बर्बाद करने का 'देशभक्तों' का सपना सच हो रहा है

मोदी जी, आप आरोपों से घबराएं नहीं क्योंकि आरोप तो सुषमा जी और जेटली जी पर भी लग चुके हैं, सोनिया जी और राहुल पर भी लग चुकें हैं. किसानों की आत्महत्या अभी भी जारी है. यदि इसे रोकना है तो आप को कोई कारगर कदम उठाना होगा, यह मंत्रालय एक ज़मीन से उठकर आए और मेहनत कर कर्नाटक जैसे राज्य में भाजपा को बहुमत दिलवाने वाले येदुरप्पा को देना होगा. यदि कर्नाटक में भाजपा की हार हुई तो उसकी बड़ी वजह येदुरप्पा ही थे और अर्श से फर्श तक फर्श से अर्श तक दोनों सफर का भलि भांति अनुभव है येदुरप्पा जी को. मै देश का साधारण सा नागरिक आप को सिर्फ सलाह ही दे सकता हूं, आगे आप की इच्छा आप देश के साधारण से नारगिक की सलाह को सुनें या अनस‌ुना कर दें . लेकिन 2019 का चुनाव आप को मेरे जैसे लोगों को, अब सिर्फ भाषणों व बातों से बहला कर नहीं जीत पाएंगे. हमने आप को वोट दिया था आप से प्रभावित थे और आप ने हमारे लिए क्या किया और हमारे जीवन में आप के आने के बाद क्या वो परिवर्तन आया जिसका आप ने हम से  वादा किया था, के आंकलन पर ही होगा.

आपके देश का आम नारगिक, साधारण नारगिक. ऋतेश्वर शर्मा जम्मू कश्मीर, ज़िला पुंछ, मोहल्ला बसंत गढ़, वार्ड नंबर 15, हाऊस नंबर 103. से. अपने मन की जिज्ञासा को आप के सामने रख रहा हूं .यदि आप जवाब दें तो आप का बहुत बहुत धन्यवाद होगा. 
My Letter

My Letter

Powered by Blogger.